• Sat. Feb 21st, 2026

माता लाल देवी का 103वां जन्मोत्सव श्रद्धा और उल्लास के साथ संपन्न

ByAdmin

Feb 21, 2026

हरिद्वार। धर्मनगरी हरिद्वार के उत्तरी क्षेत्र स्थित सप्तसरोवर में अवस्थित लाल माता वैष्णो देवी मंदिर में माता लाल देवी जी का 103वां जन्मोत्सव अत्यंत श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया गया। इस पावन अवसर पर मंदिर परिसर को भव्य रूप से सजाया गया तथा दूर-दूर से आए संत-महंतों और श्रद्धालुओं की उपस्थिति ने कार्यक्रम को आध्यात्मिक ऊर्जा से ओत-प्रोत कर दिया।

जन्मोत्सव कार्यक्रम की अध्यक्षता अखंड परमधाम के परमाध्यक्ष युगपुरुष स्वामी परमानंद गिरि महाराज ने की, जबकि संचालन जूना अखाड़ा के पूर्व अंतर्राष्ट्रीय सचिव श्री महंत देवानंद सरस्वती द्वारा किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ वैदिक मंत्रोच्चार और माता लाल देवी के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर हुआ। मंदिर के संचालक भक्त दुर्गा दास ने सभी संत-महंतों का माल्यार्पण कर स्वागत किया और आशीर्वाद प्राप्त किया।

अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में स्वामी परमानंद गिरि महाराज ने कहा कि माता लाल देवी का जीवन त्याग, तपस्या और सेवा का अनुपम उदाहरण रहा है। उन्होंने कहा कि संतों का जीवन समाज को दिशा देने वाला होता है और माता लाल देवी ने अपने तप और साधना से असंख्य श्रद्धालुओं के जीवन में आध्यात्मिक प्रकाश फैलाया। उन्होंने भक्तों से माता के आदर्शों को आत्मसात करने का आह्वान किया।

श्री निर्मल पीठाधीश्वर श्री महंत ज्ञान देव सिंह ने माता लाल देवी की महिमा का वर्णन करते हुए कहा कि उनकी साधना और भक्ति ने इस पावन धाम को एक सिद्ध पीठ के रूप में प्रतिष्ठित किया है। उन्होंने कहा कि माता की कृपा से यहां आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु की मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं और उन्हें आत्मिक शांति की अनुभूति होती है।

महामंडलेश्वर स्वामी हरि चेतनानंद महाराज ने मंदिर के संचालक भक्त दुर्गा दास की प्रशंसा करते हुए कहा कि वे सच्चे मातृभक्त हैं और पूर्ण निष्ठा के साथ मंदिर की सेवा कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे समर्पित सेवक ही धार्मिक स्थलों की गरिमा को बनाए रखते हैं और संत परंपरा को आगे बढ़ाते हैं।

कार्यक्रम में श्री निर्मल पीठाधीश्वर श्री महंत ज्ञान देव सिंह, महामंडलेश्वर संतोषी माता, महामंडलेश्वर स्वामी हरि चेतनानंद, महामंडलेश्वर रूपेंद्र प्रकाश, अखाड़ा परिषद के पूर्व प्रवक्ता बाबा हठयोगी महाराज, स्वामी ज्योतिर्मयानंद, संजय महंत, महंत रवि शास्त्री सहित अनेक संत-महंत और श्रद्धालु उपस्थित रहे। भजन-कीर्तन और प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।

By Admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *